कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवाएं, उत्तर प्रदेश के महानिदेशक पीसी मीना ने शुक्रवार को जिला कारागार का आकस्मिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कारागार की व्यवस्थाओं, सुरक्षा इंतजामों, साफ-सफाई, भोजन की गुणवत्ता तथा बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का विस्तार से जायजा लिया।

महानिदेशक ने कारागार परिसर के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण करते हुए बैरकों में पहुंचकर बंदियों से बातचीत की और उनकी समस्याओं तथा उन्हें उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने बंदियों से यह भी पूछा कि उन्हें भोजन, स्वास्थ्य, साफ-सफाई सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं नियमित रुप से मिल रही हैं या नहीं। निरीक्षण के दौरान पाकशाला का भी जायजा लिया गया। यहां तैयार किए जा रहे भोजन की गुणवत्ता और भोजन व्यवस्था को देखा गया। महानिदेशक ने भोजन की स्वच्छता एवं गुणवत्ता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कारागार में विभिन्न कार्यों में लगे बंदियों को श्रम के एवज में दिए जाने वाले पारिश्रमिक के भुगतान की स्थिति की भी जानकारी ली तथा पारिश्रमिक का समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के दौरान महानिदेशक ने कारागार में स्थापित सुरक्षा उपकरणों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को कारागार की सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाए रखने के निर्देश दिए। साथ ही सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने को कहा।महानिदेशक ने जिला कारागार परिसर में साफ-सफाई एवं अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए व्यवस्था पर संतोष व्यक्त किया। इसके साथ ही उन्होंने कारागार की भूमि से संबंधित स्थिति तथा नवीन जिला कारागार के निर्माण कार्य की प्रगति के बारे में भी अधिकारियों से जानकारी ली। निरीक्षण के उपरांत महानिदेशक ने जेल अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की और कारागार की व्यवस्थाओं, बंदियों की सुविधाओं, सुरक्षा तथा निर्माण कार्य से संबंधित विभिन्न बिंदुओं पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान जेल अधीक्षक पवन कुमार त्रिवेदी, प्रभारी जेलर सुभाष चन्द्र पाण्डेय, डिप्टी जेलर नन्द किशोर गौतम सहित कारागार के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
